बिहार विधानसभा चुनाव 2025 के पहले चरण के लिए नामांकन प्रक्रिया शुक्रवार से शुरू हो गई है। चुनाव आयोग ने इसकी अधिसूचना राज्यपाल की अनुशंसा पर लोक प्रतिनिधित्व अधिनियम, 1951 की धारा 15(2) के तहत जारी की है। पहले चरण के लिए नामांकन की अंतिम तारीख 17 अक्टूबर तय की गई है, जबकि नामांकन पत्रों की जांच 18 अक्टूबर को होगी। उम्मीदवार 20 अक्टूबर तक अपना नाम वापस ले सकते हैं।

पहले चरण में 121 विधानसभा सीटों के लिए 6 नवंबर (गुरुवार) को मतदान होगा, जिसमें राज्य के कई प्रमुख ज़िलों की सीटें शामिल हैं — जैसे पटना, दरभंगा, मुजफ्फरपुर, सहरसा, मधेपुरा, गोपालगंज, सीवान, सारण, वैशाली, समस्तीपुर, नालंदा, बेगूसराय, बक्सर और भोजपुर।
नामांकन की अंतिम तिथि 17 अक्टूबर है, नामांकन पत्रों की जांच 18 अक्टूबर को होगी, और नाम वापसी की अंतिम तिथि 20 अक्टूबर रखी गई है।
हर बूथ पर कड़ी निगरानी
चुनाव की पारदर्शिता और निष्पक्षता सुनिश्चित करने के लिए भारत निर्वाचन आयोग ने राज्यभर में करीब 8.5 लाख अधिकारियों की तैनाती की है। इन आंकड़ों में शामिल हैं:
4.53 लाख मतदान कर्मी
2.5 लाख पुलिसकर्मी
28,000 से अधिक मतगणना कर्मी
18,000 माइक्रो ऑब्जर्वर
इसके अलावा, 243 विधानसभा क्षेत्रों में पहली बार सामान्य पर्यवेक्षक (General Observers) तैनात किए गए हैं। साथ ही, 38 पुलिस पर्यवेक्षक और 67 व्यय पर्यवेक्षक भी नियुक्त किए गए हैं, जो राजनीतिक दलों और उम्मीदवारों के साथ संवाद में रहकर चुनावी प्रक्रिया को सुचारू बनाए रखने का काम करेंगे।

वीडियोग्राफी अनिवार्य
चुनाव आयोग ने सभी नामांकन केंद्रों के लिए कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के निर्देश दिए हैं। प्रत्याशी के साथ सिर्फ तीन वाहन और अधिकतम पाँच लोग ही केंद्र में जा सकेंगे। पूरी नामांकन प्रक्रिया की वीडियोग्राफी अनिवार्य की गई है, ताकि किसी भी प्रकार की गड़बड़ी या दबाव की स्थिति पर नियंत्रण रखा जा सके।
पहले चरण के तहत 121 विधानसभा सीटों पर 6 नवंबर को मतदान होगा। वोटिंग सुबह 7 बजे से शाम 6 बजे तक चलेगी। इस चरण में पटना, दरभंगा, मुजफ्फरपुर, सहरसा, मधेपुरा, गोपालगंज, सीवान, सारण, वैशाली, समस्तीपुर, बेगूसराय, नालंदा, और भोजपुर समेत कई प्रमुख जिलों की सीटें शामिल हैं।पहले चरण के बाद, बिहार चुनाव के दूसरे चरण का मतदान 11 नवंबर को होगा, और वोटों की गिनती 14 नवंबर को की जाएगी। चुनाव आयोग का लक्ष्य है कि संपूर्ण चुनाव प्रक्रिया शांतिपूर्ण, पारदर्शी और समयबद्ध रूप से पूरी हो।

