भारत-पाकिस्तान के बीच बढ़ते तनाव और पाकिस्तानी ड्रोन गतिविधियों के चलते ग्वालियर का महाराजपुरा एयरफोर्स स्टेशन (एयरबेस) हाई अलर्ट पर है। शहर के चारों ओर सुरक्षा सख्त कर दी गई है और पुलिस द्वारा रातभर कड़ी निगरानी व चेकिंग की जा रही है।
फ्लाइट संचालन पूरी तरह ठप, लगातार चौथे दिन कोई उड़ान नहीं
ग्वालियर एयरपोर्ट से दिल्ली, मुंबई और बेंगलुरु के लिए सीधी उड़ानें संचालित होती हैं। लेकिन मंगलवार से सभी उड़ानों को रद्द कर दिया गया है, और आज शुक्रवार (9 मई) को भी कोई भी फ्लाइट ऑपरेशन नहीं हो रहा। एयरपोर्ट अथॉरिटी का कहना है कि आने वाले दिनों में भी उड़ानें रद्द रह सकती हैं।
शादी समारोहों तक में जांच, गांव-गांव में सर्च अभियान
सुरक्षा एजेंसियां कोई भी चूक नहीं करना चाहतीं। एयरबेस के आसपास बसे गांवों में तलाशी अभियान चलाया जा रहा है। यहां तक कि जिन घरों में शादी समारोह हैं, वहां भी जांच की जा रही है। पुलिस पूरे शहर में संदिग्ध गतिविधियों पर नजर रख रही है।
कंट्रोल रूम सक्रिय, इमरजेंसी में इस नंबर पर करें संपर्क: 0751-2646606
हालात की गंभीरता को देखते हुए ग्वालियर कलेक्टर रुचिका चौहान ने मोती महल स्थित कंट्रोल कमांड सेंटर में 24 घंटे चालू रहने वाला आपात कंट्रोल रूम सक्रिय कर दिया है। किसी भी आपात स्थिति में नागरिक इस नंबर पर संपर्क कर सकते हैं – 0751-2646606।
ग्वालियर एयरबेस क्यों है संवेदनशील?

ग्वालियर को देश के 244 संवेदनशील शहरों में गिना जाता है क्योंकि यहां भारतीय वायुसेना का प्रमुख एयरबेस है। हाल ही में जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में हुए आतंकी हमले के बाद भारत ने सख्त कार्रवाई की थी, जिसके जवाब में पाकिस्तान की ओर से भारत के सैन्य ठिकानों को निशाना बनाने के प्रयास बढ़े हैं।
पुलिस की सक्रियता: चारों ओर सख्त नाकेबंदी और चौराहों पर चेकिंग
गुरुवार रात से ही ग्वालियर के चारों मुख्य प्रवेश नाकों पर पुलिस चेकिंग चल रही है। अधिकारी खुद निगरानी में लगे हुए हैं। हर संदिग्ध वाहन और व्यक्ति की जांच की जा रही है ताकि कोई भी अवांछित तत्व शहर में प्रवेश न कर सके।

